सोशल मीडिया में अभिनेता नाना पाटेकर की एक नवजात बच्चे और मौलवी के साथ तस्वीरें वायरल हैं। दावा है कि अपने नाती के जन्म पर नाना पाटेकर ने पारंपरिक हिंदू नामकरण की रस्मों के बजाय महाराष्ट्र के एक मदरसे के शिक्षक को बुलाकर बच्चे के कान में अज़ान दिलवाई।
क्या लिख रहे हैं लोग?
खुर्शीद ने एक्स पर पोस्ट कर लिखा, ‘जाने-माने बॉलीवुड एक्टर नाना पाटेकर ने परंपराओं की परवाह किए बिना, इस्लाम और अज़ान (प्रार्थना के लिए बुलावा) के प्रति अपना प्यार खुलकर ज़ाहिर करके सबको हैरान कर दिया। भारतीय मीडिया की खबरों के मुताबिक, अपने पोते के जन्म पर, पारंपरिक हिंदू नामकरण रस्मों को निभाने के बजाय, पाटेकर ने महाराष्ट्र के एक मदरसे से एक टीचर को बुलाकर बच्चे के कान में अज़ान पढ़वाई। इसके अलावा, उन्होंने मदरसे के 120 से ज़्यादा छात्रों को नए कपड़े तोहफ़े में दिए, उनके लिए शानदार खाने का इंतज़ाम किया और खुद भी बच्चों के साथ बैठकर खाना खाया। पाटेकर ने कहा कि अज़ान का अनुवाद समझने से उन्हें दिल को बहुत सुकून मिला; इसीलिए उन्होंने अपने पोते को उसकी ज़िंदगी की शुरुआत में ही यह पवित्र संदेश तोहफ़े में देने का फ़ैसला किया।’
जाने-माने बॉलीवुड एक्टर नाना पाटेकर ने परंपराओं की परवाह किए बिना, इस्लाम और अज़ान (प्रार्थना के लिए बुलावा) के प्रति अपना प्यार खुलकर ज़ाहिर करके सबको हैरान कर दिया। भारतीय मीडिया की खबरों के मुताबिक, अपने पोते के जन्म पर, पारंपरिक हिंदू नामकरण रस्मों को निभाने के बजाय, पाटेकर… pic.twitter.com/Y7dNH2fZXS
— khursheed (@KarRiz45) September 24, 2026
Void ने लिका, ‘बॉलीवुड के मशहूर अभिनेता नाना पाटेकर ने किसी भी तरह की परवाह किए बिना खुलेआम इस्लाम और अज़ान के प्रति अपने प्रेम का इज़हार करके सबको हैरान कर दिया है। भारतीय मीडिया के अनुसार, अपने नाती के जन्म पर नाना पाटेकर ने पारंपरिक हिंदू नामकरण की रस्मों के बजाय महाराष्ट्र के एक मदरसे के शिक्षक को बुलाकर बच्चे के कान में अज़ान दिलवाई। इतना ही नहीं, उन्होंने मदरसे के 120 से अधिक बच्चों के लिए नए कपड़ों का तोहफ़ा भी भेजा, उनके लिए बेहतरीन खाने का इंतज़ाम किया और खुद उन बच्चों के साथ बैठकर खाना भी खाया। नाना पाटेकर का कहना था कि जब उन्होंने अज़ान का अनुवाद समझा, तो उनके दिल को एक अजीब-सा सुकून मिला। इसी वजह से उन्होंने अपने नाती को भी जीवन की शुरुआत में इस पवित्र कलाम का तोहफ़ा दिया। इस काम को लेकर हिंदू कट्टरपंथी हलकों की ओर से आलोचना की गई, तो नाना पाटेकर ने बिना किसी डर के बेबाक अंदाज़ में जवाब देते हुए कहा, “मैं अपने दम पर कमाता और जीता हूँ, मुझे किसी की परवाह नहीं।” सच्ची बात तो यह है कि जब कोई इंसान पूर्वाग्रह की पट्टी उतारकर सत्य और सुकून की तलाश में निकलता है, तो दुनिया की कोई भी आलोचना उसकी सोच को प्रभावित नहीं कर सकती।’
बॉलीवुड के मशहूर अभिनेता नाना पाटेकर ने किसी भी तरह की परवाह किए बिना खुलेआम इस्लाम और अज़ान के प्रति अपने प्रेम का इज़हार करके सबको हैरान कर दिया है।
— 💫 Vøɪɗ Ƈσѕмɪc Ƈσммєηтɾу 💫 (@VoidCommentaryX) September 24, 2026
भारतीय मीडिया के अनुसार, अपने नाती के जन्म पर नाना पाटेकर ने पारंपरिक हिंदू नामकरण की रस्मों के बजाय महाराष्ट्र के एक मदरसे के… pic.twitter.com/qSjPke0u9w
मिर्जा ताबिश ने फेसबुक पर लिखा, ‘बॉलीवुड के मशहूर अभिनेता नाना पाटेकर ने किसी भी तरह की परवाह किए बिना खुलेआम इस्लाम और अज़ान के प्रति अपने प्रेम का इज़हार करके सबको हैरान कर दिया है… भारतीय मीडिया के अनुसार, अपने नाती के जन्म पर नाना पाटेकर ने पारंपरिक हिंदू नामकरण की रस्मों के बजाय महाराष्ट्र के एक मदरसे के शिक्षक को बुलाकर बच्चे के कान में अज़ान दिलवाई… इतना ही नहीं, उन्होंने मदरसे के 120 से अधिक बच्चों के लिए नए कपड़ों का तोहफ़ा भी भेजा, उनके लिए बेहतरीन खाने का इंतज़ाम किया और खुद उन बच्चों के साथ बैठकर खाना भी खाया… नाना पाटेकर का कहना था कि जब उन्होंने अज़ान का अनुवाद समझा, तो उनके दिल को एक अजीब-सा सुकून मिला। इसी वजह से उन्होंने अपने नाती को भी जीवन की शुरुआत में इस पवित्र कलाम का तोहफ़ा दिया… इस काम को लेकर हिंदू कट्टरपंथी हलकों की ओर से आलोचना की गई, तो नाना पाटेकर ने बिना किसी डर के बेबाक अंदाज़ में जवाब देते हुए कहा, “मैं अपने दम पर कमाता और जीता हूँ, मुझे किसी की परवाह नहीं” सच्ची बात तो यह है कि जब कोई इंसान पूर्वाग्रह की पट्टी उतारकर सत्य और सुकून की तलाश में निकलता है, तो दुनिया की कोई भी आलोचना उसकी सोच को प्रभावित नहीं कर सकती।’
एके भदौरिया ने लिखा, ‘नाना पाटेकर ने किसी भी तरह की परवाह किए बिना खुलेआम इस्लाम और अज़ान के प्रति अपने प्रेम का इज़हार करके सबको हैरान कर दिया है। अपने नाती के जन्म पर नाना पाटेकर ने पारंपरिक हिंदू नामकरण की रस्मों के बजाय महाराष्ट्र के एक मदरसे के शिक्षक को बुलाकर बच्चे के कान में अज़ान दिलवाई।’
नाना पाटेकर ने किसी भी तरह की परवाह किए बिना खुलेआम इस्लाम और अज़ान के प्रति अपने प्रेम का इज़हार करके सबको हैरान कर दिया है।
— A K Bhohariya (@k54176) September 25, 2026
अपने नाती के जन्म पर नाना पाटेकर ने पारंपरिक हिंदू नामकरण की रस्मों के बजाय महाराष्ट्र के एक मदरसे के शिक्षक को बुलाकर बच्चे के कान में अज़ान दिलवाई। pic.twitter.com/W88iGg0w9O
तनवीर रंगरेज ने लिखा, ‘नाना पाटेकर भी मुस्लिम निकला’
नाना पाटेकर भी मुस्लिम निकला 😂😂 pic.twitter.com/SWkJblraCM
— TANVIR RANGREZ (@virjust18) September 25, 2026
क्या है हकीकत?
पड़ताल में हमे फिल्म बीट्स और आईएमडीबी की वेबसाइट पर प्रकाशित रिपोर्ट में नाना पाटेकर के परिवार के सम्बन्ध में जानकारी मिली। जिसके अनुसार उनकी कोई बेटी नहीं है। ऐसे में उनका नाती होने के सवाल नहीं उठता। रिपोर्ट में बताया गया है कि उनका केवल एक बेटा मल्हार पाटेकर है और एक बेटे कम उम्र में मौत हो गयी थी। पत्रिका की रिपोर्ट में नाना और उनके बेटे मल्हार पाटेकर की एक साथ तस्वीर है।

हमने वायरल दावे से सम्बन्धित कीवर्ड्स को गूगल सर्च भी किया लेकिन हमने मीडिया में भी कोई रिपोर्ट नहीं मिली। साथ ही नाना पाटेकर के आधिकारिक सोशल मीडिया हैंडल पर भी इस तरह का कोई पोस्ट नहीं है।
पड़ताल में आगे हमने इन तस्वीरों को AI डिटेक्शन टूल साइटइंजन और हाइव मॉडरेशन की वेबसाइट पर सर्च किया। अपने विश्लेषण में पता चला कि इन तस्वीरों को AI की मदद से बनाया गया है।



