मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार का एक कथित बयान को लेकर पोस्टकार्ड सोशल मीडिया में वायरल है जिसके मुताबिक ज्ञानेश कुमार ने कहा, ‘यदि प्रत्येक परिवार मात्र 10000 रुपए पीएम केयर फंड में दान करे तो लगभग 5 लाख करोड़ तो वैसे ही जमा हो जाएंगे।’
पत्रकार अतुल चौरसिया ने एक्स पोस्ट करते हुए लिखा, ‘अर्थशास्त्री मुंगेरीलाल चुनाव आयोग वाले- 80 करोड़ लोगों को हर महीने 5 किलो मुफ्त अनाज बांटने वाले नया फार्मूला लाए हैं. और ध्यान रहे की इस 5 लाख करोड़ की जानकारी आप किसी RTI से भी नहीं पा सकते’
अर्थशास्त्री मुंगेरीलाल चुनाव आयोग वाले-
— Atul Chaurasia (@BeechBazar) May 30, 2026
80 करोड़ लोगों को हर महीने 5 किलो मुफ्त अनाज बांटने वाले नया फार्मूला लाए हैं. और ध्यान रहे की इस 5 लाख करोड़ की जानकारी आप किसी RTI से भी नहीं पा सकते . pic.twitter.com/p5jbpD16WV
पत्रकार मुकेश कुमार ने लिखा, ‘ये वोट चोरी का सरगना उस पीएम केयर्स फंड में पैसे डालने की वकालत कर रहा है जिसे प्रधानमंत्री और उनकी मंडली ने निजी फंड बना रखा है और जिसकी कोई जानकारी जनता को देने से इंकार करती है। किसी को ये भी पता नहीं कि मोदी के हटने के बाद ये फंड किसका होगा। अगर इस देश की अदालतें कंप्रोमाइज्ड न होती तो ये कब का बंद हो चुका होता। बहरहाल, इसके झांसे में मत आइए क्योंकि ये भी उसी गैंग का सदस्य है।’
ये वोट चोरी का सरगना उस पीएम केयर्स फंड में पैसे डालने की वकालत कर रहा है जिसे प्रधानमंत्री और उनकी मंडली ने निजी फंड बना रखा है और जिसकी कोई जानकारी जनता को देने से इंकार करती है। किसी को ये भी पता नहीं कि मोदी के हटने के बाद ये फंड किसका होगा।
— Prof. Mukesh Kumar (@mukeshbudharwi) May 30, 2026
अगर इस देश की अदालतें… pic.twitter.com/35eyHSSW2g
राजीव निगम ने लिखा, ‘दस हज़ार क्या एक एक बूँद निचोड़ लो’
दस हज़ार क्या एक एक बूँद निचोड़ लो.. pic.twitter.com/sn1Wq03F5h
— Rajeev Nigam (@apnarajeevnigam) May 27, 2026
इसके अलावा ठाकुर कुलदीप सिंह, उत्तम चंद, नितिन राघव, सलमान त्यागी, चाणक्य, ने भी इस पोस्टकार्ड को शेयर किया है।
क्या है हकीकत? पड़ताल में हमने सम्बंधित कीवर्ड्स को गूगल सर्च किया लेकिन हमे ज्ञानेश कुमार द्वारा पीएम केयर फंड को लेकर दिया गया कोई बयान नहीं मिला।
आगे हमने जब ज्ञानेश कुमार के हालिया बयानों पर नजर डाली तो हमें 27 मई 2026 को प्रकाशित न्यूज़ 18 की एक रिपोर्ट मिली। जिसमें सुप्रीम कोर्ट की तरफ से बिहार में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) की संवैधानिक वैधता को बरकरार रखने के बाद मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने कहा कि चुनाव आयोग हमेशा मतदाताओं के साथ था, है और आगे भी रहेगा।

सीईसी ने साफ कहा कि मतदान राष्ट्र सेवा की दिशा में पहला कदम है और 18 वर्ष से अधिक उम्र के हर नागरिक को मतदाता बनकर लोकतंत्र में अपनी भागीदारी निभानी चाहिए। सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद चुनाव आयोग की ओर से आई यह पहली बड़ी प्रतिक्रिया मानी जा रही है। मुख्य चुनाव आयुक्त ने कहा कि संविधान, जनप्रतिनिधित्व कानून और तय निर्देशों के अनुसार चुनाव आयोग लगातार मतदाताओं के अधिकारों की रक्षा और स्वतंत्र एवं निष्पक्ष चुनाव सुनिश्चित करने के लिए काम करता रहा है।
वहीं 25 जनवरी 2026 को प्रकाशित आल इंडिया रेडिओ की रिपोर्ट के मुताबिक, ज्ञानेश कुमार ने कहा है कि शुद्ध मतदाता सूची लोकतंत्र का आधार है। इसके लिए मतदाता सूची का विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) शुरू किया गया है। एसआई आर. का उद्देश्य मतदाता सूची में प्रत्येक पात्र मतदाता का नाम जोड़ना और प्रत्येक अयोग्य व्याक्ति का नाम हटाना सुनिश्चित करना है।
निष्कर्ष: मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने पीएम केयर्स फंड को लेकर इस प्रकार का कोई बयान नहीं दिया है। ज्ञानेश कुमार के कथित बयान के साथ वायरल पोस्टकार्ड फजी है।
