सोशल मीडिया पर पुलिसकर्मियों और कुछ युवकों के बीच झड़प का एक वीडियो वायरल है। वीडियो में युवक अपने गले में भगवा रंग का भगवा रंग का पटका पहने नजर आ रहा हैं। इसे हाल ही का बताकर दावा किया जा रहा है कि भगवा दंगाइयों ने पुलिस के साथ मारपीट की लेकिन पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की। हालांकि हमारी पड़ताल में यह वीडियो पुराना निकला।
क्या लिख रहे है लोग?
रितेश देशमुख (Parody) नाम के एक्स हैंडल ने वीडियो शेयर कर लिखा, ‘जरा ठहरो और सोच पर बताओ की अगर इन पुलिस वालों भाई हमला करने वाला कोई मुसलमान होता तो अबतक उसके साथ क्या होता ? क्या इतनी ही नर्मी उनके साथ बर्ती जाती जितना इन भगवा दंगाइयों के साथ बर्ती जा रही है ?’
जरा ठहरो और सोच पर बताओ की अगर इन पुलिस वालों भाई हमला करने वाला कोई मुसलमान होता तो अबतक उसके साथ क्या होता ?
— रितेश देशमुख ( 𝙿𝚊𝚛𝚘𝚍𝚢 ) (@Deshmukh_0) June 22, 2026
क्या इतनी ही नर्मी उनके साथ बर्ती जाती जितना इन भगवा दंगाइयों के साथ बर्ती जा रही है ? pic.twitter.com/Ya89fH6vCq
Void Cosmic Commentary नाम के एक्स हैंडल ने लिखा, ‘राहत इंदौरी साहब आप बहुत याद आते हो’
राहत इंदौरी साहब
— 💫 Vøɪɗ Ƈσѕмɪc Ƈσммєηтɾу 💫 (@VoidCommentaryX) June 22, 2026
आप बहुत याद आते हो 🌹 pic.twitter.com/wy8W2yWQC9
फेसबुक पर ने ‘Indian Muslim ki Awaz‘ लिखा, ‘बेरोजगार दल मतलब बजरंग दल ने किया पुलिस पर हमला बताओ खाकी मारा जा रहा है’

क्या है हकीकत?
पड़ताल के दौरान हमने वीडियो के कीफ्रेम की रिवर्स इमेज सर्च की। इस दौरान में यह वीडियो हमें पत्रकार पीयूष राय के एक्स अकाउंट पर पोस्ट मिला। उन्होंने इस वीडियो को 21 जुलाई 2023 को शेयर किया था। पीयूष ने लिखा, ‘यूपी के गोरखपुर यूनिवर्सिटी में फीस बढ़ोतरी और दूसरी मांगों को लेकर विरोध कर रहे BJP के युवा संगठन ABVP के सदस्यों का सामना VC प्रो. राजेश सिंह से हुआ, जो सुरक्षा के लिए पुलिस के साथ घूम रहे थे। इसके बाद ABVP सदस्यों और पुलिस के बीच हाथापाई हुई और दोनों तरफ से मुक्के चले।’
Members of BJP's youth wing ABVP protesting against fee hike and other demands at UP's Gorakhpur University confronted the VC Prof Rajesh Singh who was moving around with cops in security. A scuffle followed with ABVP members and cops exchanging fist blows. pic.twitter.com/YgJh5rDzsR
— Piyush Rai (@Benarasiyaa) July 21, 2023
पड़ताल में आगे हमें 21 जुलाई 2023 को प्रकाशित दैनिक भास्कर की एक रिपोर्ट मिली। रिपोर्ट के मुताबिक, ABVP कार्यकर्ता यूनिवर्सिटी में फैली अनियमितता के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे थे। छात्रों के मुताबिक वाइस चांसलर के आश्वासन के बाद भी किसी समस्या का समाधान नहीं हुआ। इसके बाद 13 जुलाई को ABVP कार्यकर्ताओं ने मांगे पूरी न होने पर यूनिवर्सिटी में वाइस चांसलर का पुतला फूंककर प्रदर्शन किया। उस दिन कार्यकर्ताओं ने तीन गेट के ताले भी तोड़ दिए थे। इसके बाद वाइस चांसलर ने एक-एक कर छात्रों की समस्याएं सुनीं और आश्वासन दिया था कि जल्द ही इन सभी का समाधान कर दिया जाएगा। इसके बाद डीन डॉ. सत्यपाल सिंह ने हंगामा करने वाले 4 कार्यकर्ताओं के निलंबन और 4 कार्यकर्ताओं को यूनिवर्सिटी में प्रवेश वर्जित करने का आदेश जारी कर दिया।

इस आदेश के विरोध में छात्र वाइस चांसलर से मिलने पहुंचे तो उन्होंने बात करने से मना कर दिया। इस पर कार्यकर्ताओं का गुस्सा भड़क गया। ABVP कार्यकर्ता यूनिवर्सिटी के गेट पर वाइस चांसलर प्रोफेसर राजेश सिंह का इंतजार करते रहे। 3 बजे तक वे बाहर नहीं निकले। इसके बाद नाराज कार्यकर्ता वाइस चांसलर के चैंबर में पहुंच गए। इस दौरान पुलिस अपनी सुरक्षा में वाइस चांसलर को बाहर निकाल रही थी, तभी कार्यकर्ताओं ने हमला बोल दिया। इसी दौरान पुलिस और छात्रों की झड़प हो गई। बाद में पुलिसवालों ने लाठीचार्ज कर ABVP कार्यकर्ताओं को खदेड़ा। बवाल में वाइस चांसलर, रजिस्ट्रार, 3-4 एबीवीपी कार्यकर्ता और कुछ पुलिसकर्मी घायल हुए। 3 से 4 थानों की फोर्स तैनात की गई है। वहीं, 10 कार्यकर्ताओं को हिरासत में लिया गया।
इस सम्बन्ध में दैनिक जागरण की रिपोर्ट में बताया गया है कि दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय के कुलपति व कुलसचिव पर हमला व तोड़फोड़ करने के आरोपित दो छात्रों समेत आठ लोगों को कैट थाना पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। दोपहर बाद उन्हें न्यायालय में पेश किया गया, जहां से जेल भेज दिया गयाा। मुख्य नियंता ने आठ छात्रों समेत 22 लोगों के विरुद्ध मुकदमा दर्ज कराया है। घटना के बाद ऐहतियात के तौर पर विश्वविद्यालय गेट व प्रशासनिक भवन के बाहर फोर्स तैनात की गई है।
| दावा | भगवा दंगाइयों ने पुलिस के साथ मारपीट की। उन पर पुलिस ने नरमी दिखाई। |
| हकीकत | यह वीडियो साल 2023 में गोरखपुर यूनिवर्सिटी में फीस बढ़ोतरी और दूसरी मांगों को लेकर ABVP के प्रदर्शन का है। पुलिस ने इस मामले में केस दर्ज कर आरोपी छात्रों को गिरफ्तार किया था। |

